Kumaoni Holi Songs-कुमाऊंनी होली गीतों के बोल।

On: February 15, 2026 3:25 PM
Follow Us:
kumaoni holi songs

उत्तराखण्ड के कुमाऊँ अंचल की होली गायन परम्परा से आप सभी परिचित होंगे। गायन की यह परम्परा यहाँ पीढ़ी-दर-पीढ़ी मौखिक रूप से सिंचित होती आई है, जिसने पूरे उत्तराखण्ड की पहचान को और भी सशक्त किया है। यहाँ प्रचलित कुछ प्रसिद्ध होली गीतों के बोल (Holi Song Lyrics) को विभिन्न स्रोतों से संकलित कर एक साथ, एक मंच पर प्रकाशित करने की कोशिश की है। जिससे आप आसानी से इन गीतों के लिरिक्स को प्राप्त कर सकते हैं।    

Kumaoni Holi Songs

उत्तराखंड के कुमाऊंनी होली गीतों के बोल पढ़ने के लिए आप निम्नांकित लिंक पर क्लिक करें –

  1. सिद्धि को दाता, विघ्न विनाशन होली खेले गिरजापति नंदन।
  2. तुम सिद्धि करो महाराज, होलिन के दिनन में। 
  3. हरि खेल रहे हैं होली, देबा तेरे द्वारे में।
  4. कैले बाँधी चीर हो रघुनन्दन राजा। 
  5. हरि खेल रहे देवा तेरे द्वारे में।
  6. हाँ-हाँ मोहन गिरधारी। 
  7. शिव के मन माहि बसे काशी।
  8. शम्भो तुम क्यों ना खेलें होली लला।    
  9. जल कैसे भरूँ जमुना गहरी। 
  10. जोगी आयो शहर से ब्यौपारी।
  11. बलमा घर आयो फागुन में।
  12. बुरूंशी क फूल को कुमकुम मारो। 
  13. दर्शन दे महा माई।   
  14. होली खेले पशुपतिनाथ मिलकर। 
  15. शिव दर्शन दे। 
  16. तुम तो भई तपवान कालिका। 
  17. मथुरा में खेलें एक घड़ी। 
  18. धरती जो बनी है अमर कोई। 
  19. सजना आये कौन दिना।
  20. सारे शहर जागे सीता रसिया। 
  21. सीता बन में अकेली कैसे रही। 
  22. शम्बू आपु बिराजे झाड़िन में। 
  23. प्रभु ने धारो बामन रूप। 
  24. घर लौटी चलो भगवान भरत। 
  25. आयो नवल बसंत सखी। 
  26. जल भरन चली दोनों बहिना। 
  27. सजना घर आयो कौन दिना।   
  28. मेरो रंगीलो देवर घर ऐ रौ छ। 
  29. आओ रे गोपाल श्रृंगार करूँ।
  30. कुमाऊनी होली की किताब। 
  31. कुमाऊनी होली के आशीर्वचन।  

 

Vinod Singh Gariya

ई-कुमाऊँ डॉट कॉम के फाउंडर और डिजिटल कंटेंट क्रिएटर हैं। इस पोर्टल के माध्यम से वे आपको उत्तराखंड के देव-देवालयों, संस्कृति-सभ्यता, कला, संगीत, विभिन्न पर्यटक स्थल, ज्वलन्त मुद्दों, प्रमुख समाचार आदि से रूबरू कराते हैं।

Join WhatsApp

Join Now

Join Telegram

Join Now

Leave a Comment