Nagri Ho Ayodhya Si Lyrics | नगरी हो अयोध्या सी लिरिक्स।

Nagri Ho Ayodhya Si Lyrics
Nagri Ho Ayodhya Si Lyrics

Nagri Ho Ayodhya Si मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान श्रीराम पर आधारित एक कर्णप्रिय प्रसिद्ध भजन है। जितना मधुर यह भजन है, उससे भी बेहतर इसके लिरिक्स हैं। इसका भक्तिपूर्ण और मधुर गायन मानव मन को हरण करने वाला है। विधि शर्मा द्वारा रचित  'नगरी हो अयोध्या सी' भजन में एक भक्त यह प्रार्थना करता है कि उसकी नगरी अयोध्या की तरह हो और उसका घराना रघुकुल हो। भक्त कहता है जहाँ मेरा निवास हो वहां प्रभु राम के चरण हों  पढ़िए इस भजन के भाव-विभोर करने वाले लिरिक्स - 

Nagri Ho Ayodhya Si (नगरी हो अयोध्या सी) भजन का ऑडियो मैथिली ठाकुर की आवाज में सुनते हुए भजन का आनंद लीजिये -

 

Nagri Ho Ayodhya Si Lyrics in Hindi 

  
नगरी हो अयोध्या सी, रघुकुल सा घराना हो,
चरण हो राघव के, जहाँ मेरा ठिकाना हो। 

नगरी हो अयोध्या सी, रघुकुल सा घराना हो,
चरण हो राघव के, जहाँ मेरा ठिकाना हो।  

लक्ष्मण सा भाई हो, कौशल्या माई हो
लक्ष्मण सा भाई हो, कौशल्या माई हो..
स्वामी तुम जैसा, मेरा रघुराई हो..


हो त्याग भरत जैसा, सीता सी नारी हो
लव-कुश के जैसी सन्तान हमारी हो
लव-कुश के जैसी सन्तान हमारी हो..
नगरी हो अयोध्या सी, रघुकुल सा घराना हो...


श्रद्धा हो श्रवण जैसी, शबरी सी भक्ति हो-2
हनुमान के जैसी निष्ठा और शक्ति हो,
हनुमान के जैसी निष्ठा और शक्ति हो,
नगरी हो अयोध्या सी, रघुकुल सा घराना हो.....
नगरी हो अयोध्या सी, रघुकुल सा घराना हो..
चरण हो राघव के, जहाँ  मेरा ठिकाना हो..


मेरी जीवन नय्या हो, प्रभु राम खेवैया हो
और राम कृपा की सदा मेरे सर छय्या हो..
राम कृपा की सदा मेरे सर छय्या हो..
नगरी हो अयोध्या सी, रघुकुल सा घराना हो..
और चरण हो राघव के, जहाँ मेरा ठिकाना हो..
चरण हो राघव के, जहाँ मेरा ठिकाना हो..


सरयू का किनारा हो, निर्मल जल धारा हो
और दरश मुझे भगवन, हर घड़ी तुम्हारा हो..
दरश मुझे भगवन, हर घड़ी तुम्हारा हो..
नगरी हो अयोध्या सी, रघुकुल सा घराना हो..
और चरण हो राघव के, जहाँ मेरा ठिकाना हो..


नगरी हो अयोध्या सी, रघुकुल सा घराना हो..
और चरण हो राघव के, जहाँ मेरा ठिकाना हो..


Nagri Ho Ayodhya Si Lyrics in English 

Nagri Ho Ayodhya Si, Raghukul Sa Gharana Ho
Nagri  Ho Ayodhya Si, ,Raghukul Sa Gharaana Ho
Charan Ho Raaghav Ke, Jaha Mera Thikaana Ho

 

Lakshman Sa Bhaee Ho, Kaushalya Maee Ho
Svaamee Tum Jaisa Mera Raghuraee Ho
Nagri Ho Ayodhya Si, Raghukul Sa Gharana Ho.....

 

Ho Tyag Bharat Jaisa, Sita Si Nari Ho
Lav-Kush Ke Jaise Santan Hamare Ho
Nagri Ho Ayodhya Si, Raghukul Sa Gharana Ho.....

 

Shraddha Ho Shravan Jaisi, Shabari Si Bhakti Ho
Hanuman Ke Jaise Nishtha Aur Shakti Ho
Nagri Ho Ayodhya Si, Raghukul Sa Gharana Ho.....

 

Nagari Ho Ayodhya Si, Raghukul Sa Gharana Ho
Charan Ho Raghav Ke, Jaha Mera Thikana Ho....

Meri Jeevan Naiya Ho, Prabhu Ram Kheiwaiya Ho
Or Ram Kripa Ki Sada Mere Sir Par Shaiyya Ho
Nagari Ho Ayodhya Si, Raghukul Sa Gharana Ho.....
Or Charan Ho Raghav Ke, Jahan Mera Thikana Ho..

Saryu Ka Kinara Ho, Nirmal Jal Dhara Ho..
Or Darash Bhawan, Har Ghadi Tumhara Ho..

Nagari Ho Ayodhya Si, Raghukul Sa Gharana Ho.....
Or Charan Ho Raghav Ke, Jahan Mera Thikana Ho..

Nagari Ho Ayodhya Si, Raghukul Sa Gharana Ho.....
Or Charan Ho Raghav Ke, Jahan Mera Thikana Ho..

________________